SIR Electoral Roll: बिहार चुनाव में इसका महत्व
बिहार में चुनाव आयोग (ECI) ने विशेष सघन पुनरीक्षण (Special Intensive Revision – SIR) के तहत अंतिम ड्राफ्ट निर्वाचन सूची जारी कर दी है। यह एक अनोखी व व्यापक प्रक्रिया है, जिसमें मतदाता सूची की घर-घर जाकर जांच की जाती है ताकि किसी भी पात्र नागरिक का नाम छूटे नहीं और कोई अपात्र व्यक्ति सूची में शामिल न हो। इस प्रक्रिया का मकसद निष्पक्ष, पारदर्शी और त्रुटि-रहित चुनाव सुनिश्चित करना है। इस बार मतदाता संख्या में लगभग 6% की कमी दर्ज हुई है।
बिहार में SIR Electoral Roll क्या है?
बिहार में ECI ने राज्य की मतदाता सूची के विशेष सघन पुनरीक्षण (SIR) को पूरा कर लिया है। इसके बाद राजनीति में इस निर्णय को लेकर बहस तेज हो गई है और संसद के मानसून सत्र में भी इसकी गूंज सुनाई दे सकती है।
SIR का मुख्य उद्देश्य है:
• किसी भी पात्र नागरिक का नाम न छूटे
• कोई अपात्र व्यक्ति मतदाता सूची का हिस्सा न बने
ECI ने स्पष्ट किया है कि सभी दावों और आपत्तियों के निपटारे के बाद ही नई अंतिम मतदाता सूची जारी की गई है।
28 अक्टूबर 2025 तक Bihar SIR प्रक्रिया संपन्न हो चुकी है, जिसमें:
• लगभग 47 लाख नाम हटाए गए
• 21 लाख से अधिक नए मतदाता जोड़े गए
• अंतिम सूची में कुल मतदाता संख्या 7.42 करोड़ रह गई
कुछ जिलों—जैसे सुपौल और किशनगंज—में बड़े पैमाने पर हुए डिलीशन पर सुप्रीम कोर्ट में मामले लंबित हैं, जहाँ पारदर्शिता को लेकर सवाल उठे हैं। हालांकि, चुनाव आयोग ने इस पूरी प्रक्रिया को “उत्कृष्ट और समावेशी” बताया है।
SIR Electoral Roll क्या है? (प्रक्रिया कैसे होती है)
SIR के दौरान Booth Level Officers (BLO) द्वारा घर-घर जाकर पुनरीक्षण किया जाता है।
इसमें:
• मौजूदा मतदाता सूची पर निर्भर हुए बिना नया डेटा तैयार किया जाता है
• हर घर जाकर पात्र नागरिकों की सूची बनाई जाती है
• जिनके नाम गलत, डुप्लीकेट, मृत या स्थानांतरित हो चुके हों, उन्हें हटाया जाता है
यह प्रक्रिया तब शुरू की जाती है जब ECI को लगता है कि वर्तमान मतदाता सूची में बड़े पैमाने पर त्रुटियाँ हैं या पूरी सूची को फिर से बनाना आवश्यक है। यह सामान्यतः बड़े चुनावों से पहले किया जाता है।
पश्चिम बंगाल में SIR Electoral Roll क्या है?
बंगाल में भी SIR का मतलब है—मतदाता सूची का Special Intensive Revision।
यह एक विस्तृत जाँच अभियान है जिसमें:
• BLO हर घर जाकर मतदाता जानकारी की पुष्टि करते हैं
• पात्र मतदाताओं के नाम जोड़े जाते हैं
• डुप्लीकेट, मृत या गलत प्रविष्टियाँ हटाई जाती हैं
2026 SIR प्रक्रिया पश्चिम बंगाल सहित 12 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में चलाई जा रही है।
इसमें:
• मतदाताओं को आंशिक रूप से भरे हुए Enumeration Forms दिए जाएंगे
• कट-ऑफ तारीख: 27 अक्टूबर 2025
• ड्राफ्ट रोल: 9 दिसंबर 2025
• अंतिम रोल: 7 फरवरी 2026
ऑनलाइन फॉर्म भरने के लिए EPIC से मोबाइल नंबर लिंक करना अनिवार्य किया गया है।
इसका उद्देश्य है—पारदर्शिता बढ़ाना, फर्जी मतदान रोकना और 100% पात्र मतदाताओं को शामिल करना।













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