Advertisement

ब्लैक सी में यूक्रेन का बड़ा हमला: रूस के दो ऑयल टैंकर ड्रोन अटैक में तबाह

Ukrainian naval drone striking a Russian shadow fleet oil tanker in the Black Sea, causing flames and smoke

ब्लैक सी में यूक्रेन का ड्रोन अटैक

यूक्रेन ने ब्लैक सी में रूस के तथाकथित “शैडो फ़्लीट” के दो ऑयल टैंकरों को निशाना बनाया है। यह हमला यूक्रेनी नेवल ड्रोन के जरिए किया गया। BBC द्वारा सत्यापित वीडियो में देखा गया कि Sea Baby ड्रोन तेज़ी से लहरों को चीरते हुए टैंकरों में टकराते हैं और जोरदार धमाके के साथ आग की लपटें उठने लगती हैं।

गाम्बिया फ़्लैग वाले दो टैंकर बने निशाना

तुर्की अधिकारियों के अनुसार जिन टैंकरों पर हमला किया गया, उनके नाम Kairos और Virat हैं, दोनों गाम्बिया के झंडे तले पंजीकृत हैं। दोनों टैंकर तुर्की तट के पास शुक्रवार को निशाना बने, जबकि Virat को शनिवार को भी एक और हमला झेलना पड़ा। हालांकि, किसी के हताहत होने की खबर नहीं है।

रूस की ‘शैडो फ़्लीट’ पर सीधा वार

हमले को रूस की तेल आय पर प्रहार माना जा रहा है, जो उसके युद्ध फंडिंग के लिए बेहद अहम है। “शैडो फ़्लीट” उन सैकड़ों पुराने जहाजों का नेटवर्क है, जिनका उपयोग रूस पश्चिमी प्रतिबंधों को दरकिनार करने के लिए करता है। दोनों टैंकर इंटरनेशनल सूची में प्रतिबंधित जहाजों में शामिल थे। तुर्की कोस्टगार्ड ने Kairos पर लगी आग को बुझाने में मदद की।

नोवोरोसिस्क पोर्ट पर हमला, तेल लोडिंग बंद

इसी बीच कैस्पियन पाइपलाइन कंसोर्टियम ने बताया कि रूस के नोवोरोसिस्क पोर्ट पर भी ड्रोन हमला हुआ, जिससे एक मोरिंग पॉइंट को बड़ा नुकसान पहुंचा है। यह पाइपलाइन रूस और कज़ाखस्तान की संयुक्त हिस्सेदारी वाली है, जिसमें Exxon Mobil, Chevron और Shell जैसी पश्चिमी कंपनियाँ भी भागीदार हैं। कज़ाखस्तान ने इन हमलों पर नाराज़गी जताते हुए कहा कि ऊर्जा आपूर्ति में बाधा स्वीकार्य नहीं है।

ज़ेलेंस्की ने वार्ता के लिए भेजा प्रतिनिधिमंडल

दूसरी ओर, यूक्रेनी राष्ट्रपति वोलोदिमिर ज़ेलेंस्की ने बताया कि शीर्ष सुरक्षा अधिकारी रुस्तम उमेरोव के नेतृत्व में एक प्रतिनिधिमंडल अमेरिका भेजा गया है, ताकि युद्ध समाप्ति से जुड़ी वार्ताओं को आगे बढ़ाया जा सके। पूर्व वार्ताकार एंड्री यरमाक ने भ्रष्टाचार जांच के बाद इस्तीफ़ा दे दिया था। यूक्रेन का प्रतिनिधिमंडल रविवार को फ्लोरिडा में अमेरिकी अधिकारियों से मुलाकात करेगा, जबकि अमेरिकी दूत स्टीव विटकॉफ़ अगले सप्ताह मॉस्को में वार्ता करेंगे।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *