हादसे के बाद फरार आरोपी की तलाश तेज
दिल्ली के सत्य निकेतन में 5 मंजिला जर्जर इमारत के ढहने से हुई 6 लोगों की मौत के मामले में पुलिस ने कार्रवाई तेज कर दी है। हादसे के बाद से फरार चल रहे PG मालिक हरिराम बंसल के खिलाफ दिल्ली पुलिस ने Look Out Notice जारी किया है। पुलिस को आशंका है कि आरोपी देश से बाहर भागने की कोशिश कर सकता है। इसी वजह से अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट और प्रमुख एग्जिट पॉइंट्स को अलर्ट किया गया है।
पुलिस के हाथ लगा आरोपी के पासपोर्ट का रिकॉर्ड
जांच के दौरान पुलिस ने हरिराम बंसल के पासपोर्ट की कॉपी भी हासिल कर ली है। आरोपी ‘Hostel Daze’ नाम से बॉयज PG चला रहा था। पुलिस के मुताबिक, घटना के बाद से उसकी गिरफ्तारी के लिए कई टीमें दिल्ली-NCR में संभावित ठिकानों पर छापेमारी कर रही हैं। हादसे से जुड़े ठेकेदार की तलाश भी जारी है।
जर्जर इमारत पर सवाल, फिर क्यों चलता रहा निर्माण?
सबसे बड़ा सवाल यही है कि जिस इमारत को MCD पहले ही जर्जर और खतरनाक घोषित कर चुकी थी, वहां कथित तौर पर बेसमेंट में निर्माण का काम कैसे जारी रहा? अगर इमारत की हालत इतनी गंभीर थी, तो वहां लोगों के रहने और PG संचालित होने पर रोक क्यों नहीं लगी? हादसे के बाद अब सिर्फ आरोपी की तलाश नहीं, बल्कि जिम्मेदारी तय करने की मांग भी तेज हो गई है।

मामला पहुंचा दिल्ली हाई कोर्ट
सत्य निकेतन हादसे को लेकर दिल्ली हाई कोर्ट में जनहित याचिका यानी PIL भी दाखिल की गई है। याचिका में राजधानी के रिहायशी और छात्र बहुल इलाकों में चल रहे अवैध PG, अवैध निर्माण और जर्जर इमारतों को लेकर प्रशासन की भूमिका पर सवाल उठाए गए हैं। याचिकाकर्ता ने हादसे की निष्पक्ष जांच और जिम्मेदार अधिकारियों पर जवाबदेही तय करने की मांग की है।
6 मौतों के बाद सबसे बड़ा सवाल—जिम्मेदार कौन?
इस हादसे ने दिल्ली में इमारतों की सुरक्षा और प्रशासनिक निगरानी पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। अब देखना होगा कि जांच सिर्फ फरार PG मालिक और ठेकेदार तक सीमित रहती है या उन अधिकारियों और सिस्टम की भी जवाबदेही तय होती है, जिनकी निगरानी में ऐसी इमारतों में लोग रह रहे थे। 6 लोगों की मौत के बाद अब सवाल सिर्फ एक आरोपी की गिरफ्तारी का नहीं, बल्कि जवाबदेही और कार्रवाई का है।
















Leave a Reply